जौनपुर। लाइन बाजार थाना पुलिस द्वारा क्राइम ब्रांच में तैनात एक इंस्पेक्टर को मारपीट और एक युवती द्वारा लगाए गए दुष्कर्म के आरोपों से जुड़े मुकदमे में गिरफ्तार कर करीब 15 दिन पूर्व न्यायिक हिरासत में जेल भेजे जाने का मामला सामने आया है।
मामले को लेकर यह भी चर्चा है कि इतनी गंभीर प्रकृति के आरोपों में गिरफ्तारी के बावजूद पुलिस की ओर से कोई औपचारिक प्रेसवार्ता नहीं की गई और न ही पुलिस मीडिया सेल से इस संबंध में प्रेस नोट जारी किया गया। हालांकि, इस मामले में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, महाराजगंज थाना क्षेत्र की रहने वाली एक युवती ने क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर हरिनाथ भारती और उनकी पत्नी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में युवती ने आरोप लगाया कि 7 अगस्त की शाम वह अपनी मां से मिलने जा रही थी, तभी श्रीराम कॉलोनी के पास उसे रास्ते में रोककर गाली-गलौज और मारपीट की गई।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि वह किसी तरह वहां से निकलकर अपनी जान बचाने में सफल रही। युवती ने अपनी शिकायत में इंस्पेक्टर पर शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म करने का भी आरोप लगाया है।
बताया गया कि मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद विवेचना शुरू की। जांच की जिम्मेदारी इंस्पेक्टर क्राइम विजय शंकर यादव को सौंपी गई थी। इसके बाद आरोपी इंस्पेक्टर की गिरफ्तारी कर उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेजे जाने की कार्रवाई की गई।
मामला गंभीर आरोपों और एक पुलिस अधिकारी की गिरफ्तारी से जुड़ा होने के कारण जनपद में चर्चा का विषय बना हुआ है। वहीं, गिरफ्तारी और मामले की जानकारी सार्वजनिक किए जाने को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
हालांकि, आरोपों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया अभी महत्वपूर्ण चरण हैं। मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायालय की प्रक्रिया के बाद ही सामने आएगा।

















