आजमगढ़। जिले के तरवां थाना क्षेत्र स्थित ग्राम उमरी पट्टी में पुलिस हिरासत में सनी कुमार की संदिग्ध मौत का मामला अब बड़ा रूप ले चुका है। गांव में तनाव की स्थिति को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। पुलिस और पीएसी बल तैनात कर दिया गया है, जबकि राजनीतिक व सामाजिक संगठनों का मृतक परिवार के घर आना-जाना लगातार जारी है।
उत्तर प्रदेश अनुसूचित जाति एवं जनजाति आयोग के अध्यक्ष बैजनाथ रावत और उपाध्यक्ष बेचन राम शुक्रवार को मृतक के घर पहुंचे। उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढाढ़स बंधाया और न्याय का भरोसा दिलाया। आयोग अध्यक्ष ने कहा कि युवक की मौत बेहद दुखद और गंभीर मामला है, जिसकी जांच कराई जा रही है, और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बैजनाथ रावत ने बताया कि वह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर पीड़ित परिवार से मिलने आए हैं। उन्होंने कहा कि योगी सरकार में दोषियों पर त्वरित मुकदमा दर्ज किया जाता है, जबकि पहले की सरकारों में ऐसा नहीं होता था। इस घटना में भी पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज कर दी गई है और आर्थिक सहायता देने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
मुलाकात के बाद आयोग अध्यक्ष ने तरवां थाने पहुंचकर घटना स्थल का निरीक्षण भी किया और अधिकारियों से घटना की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिया कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए प्रशासन पूरी सतर्कता बरते।